माँ की सलामती के लिए साथी और परिवार की भूमिका

माँ की सलामती के लिए साथी और परिवार की भूमिका

पिता से समर्थन से माँ को बच्चे के जन्म के बाद अपने शारीरिक परिवर्तन और जीवन का सामना करने में मदद मिल सकती है. नई माँ ज़िम्मेदारियाँ संभालने में सक्षम हो जाती हैं.

पिता क्या कर सकते हैं:

- जन्म और किसी भी अन्य चिकित्सा के दौरान उपस्थित होना

- भावनात्मक रूप से सहायक बनें

- जन्म के तुरंत बाद हर माँ अपने बच्चे से संबंध बनाने में समर्थ नहीं होती. पिता इस संबंध की प्रक्रिया आरंभ करने में मदद कर सकते हैं और माँ को शिशु से संबंध जोड़ने के लिए प्रेरित कर सकते हैं.

- माँ को बच्चे को शांत करने में मदद करना.

- ध्यान रखें कि माँ तनाव मुक्त रहे और अच्छी तरह से विश्राम करे ताकि वह बच्चे को स्तनपान करा सके.

- बच्चे के टीकाकरण की योजना बनाएँ

- उसे सामाजिक-सांस्कृतिक बाधाओं की वजह से होने वाले तनाव से बचाएँ

- सुनिश्चित करें कि गर्भधारण के बीच अंतर हो ताकि माँ शारीरिक और भावनात्मक रूप से स्वस्थ रहे.

गर्भनिरोधक योजनाओं के बारे में स्त्री रोग विशेषज्ञ के साथ चर्चा करें.

माँ की सलामती में परिवार की भूमिका क्या है?

बच्चे के जन्म के बाद, माँ व्याकुल रहती है और उसे अतिरिक्त समर्थन की जरूरत हो सकती है. कुछ माताओं को इस चरण के दौरान मानसिक स्वास्थ्य की समस्याएँ हो सकती हैं. ऐसे समय में परिवार कैसे मदद कर सकता है:

- बिना हस्तक्षेप किए नए परिवार का समर्थन करना

- नए परिवार से सांस्कृतिक मतभेद हो तो उसका सम्मान करें

- माँ को पर्याप्त आराम और छूट दें ताकि वह बच्चे से संबंध बना सके और स्तनपान करा सके.

Related Stories

No stories found.